टोंक ।

निवाई . पंचायत समिति सभागार में शुक्रवार को उपखण्ड अधिकारी हरिताभ आदित्य की अध्यक्षता में बाल विवाह रोकथाम के लिए बैठक हुई। इसमें उन्होंने कहा कि बाल विवाह अभिषाप होने के साथ कानूनी अपराध है। इसमें सहयोग करने वाला प्रत्येक व्यक्ति अपराधी होता है। उन्होंने कहा कि कहीं भी बाल विवाह होता है तो सम्बन्धित कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई होगी।



 प्रत्येक गांव को बाल विवाह नहीं करने के लिए जागरूक करें। प्रधान चन्द्रकला गुर्जर ने कहा कि बाल विवाह ना करें ओर ना ही करने दे। विकास अधिकारी मुरारीलाल शर्मा ने बताया कि बाल विवाह में शामिल होने वाले हलवाई, टेन्ट, कार्ड छापने वाले, बाराती व रिश्तेदार दोषी माने जाते हैं। 



महिला व बाल विकास अधिकारी बन्टीकुमार बालोटीया ने कहा कि बाल विवाह से बच्चों का शारीरिक व मानसिक विकास बन्द हो जाता है। ब्लॉक चिकित्सा अधिकारी लालाराम मीणा, नायब तहसीलदार रामगोपाल मीणा, थाना प्रभारी मनोज माचरा आदि मौजूद थे।